KRISHNANGAN LIG SOCIETY

RERA: RAJ/P/2017/290

KRISHNANGAN LIG SOCIETY एक GROUP HOUSING परियोजना है जो 1291.0, Udaipur, Rajasthan में स्थित है। इस परियोजना का RERA पंजीकरण नंबर RAJ/P/2017/290 है, जिसे PEARL CONSTRUCTION AND DEVELOPERS द्वारा विकसित किया गया है। परियोजना की वर्तमान स्थिति: Application Approved। पंजीकरण तिथि: 2017-10-06। पंजीकरण समाप्ति: 2018-06-30।

त्वरित जांच

इस RERA परियोजना को खरीदने से पहले जांचें

Google से आने वाले अधिकतर उपयोगकर्ता किसी विशेष परियोजना, RERA नंबर या प्रमोटर को सत्यापित कर रहे हैं। आधिकारिक पोर्टल पर अंतिम पुष्टि करने से पहले इन बिंदुओं को मिलाएं।

RAJ/P/2017/290RERA नंबर
PEARL CONSTRUCTION AND DEVELOPERSप्रमोटर
Application Approvedस्थिति
2018-06-30वैधता

पंजीकरण विवरण

PEARL CONSTRUCTION AND DEVELOPERS
GROUP HOUSING
Application Approved
2017-10-06
2018-06-30
RAJ-RERA-APP-P-2017-440

इस लिस्टिंग पर सुधार या सवाल भेजें

सुधार या स्रोत से जुड़े सवाल के लिए स्वतंत्र RERAGuide निर्देशिका से संपर्क करें। हम प्रमोटर, प्राधिकरण या कानूनी सलाहकार नहीं हैं।

भेजने पर आप हमारी गोपनीयता नीति के अनुसार उत्तर देने के लिए इन विवरणों के उपयोग से सहमत हैं। भुगतान या पहचान दस्तावेज न भेजें।

स्थान विवरण

Udaipur
1291.0

RERA पंजीकरण के बारे में

RERA (रियल एस्टेट विनियमन और विकास अधिनियम, 2016) भारत सरकार द्वारा रियल एस्टेट क्षेत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही के लिए लागू किया गया कानून है। पंजीकरण संबंधित प्राधिकरण के नियामक रिकॉर्ड में परियोजना को दर्ज करता है; यह परियोजना की गुणवत्ता, वित्तीय व्यवहार्यता, स्वामित्व या निवेश उपयुक्तता की मंजूरी या गारंटी नहीं है।

इस RERA नंबर को कैसे सत्यापित करें?

आप RERA नंबर RAJ/P/2017/290 को Rajasthan के आधिकारिक RERA पोर्टल पर सत्यापित कर सकते हैं। किसी भी रियल एस्टेट निवेश से पहले आधिकारिक पोर्टल पर परियोजना का सत्यापन करें। आधिकारिक पोर्टल खोलें

स्रोत: आधिकारिक Rajasthan RERA रिकॉर्ड। निर्देशिका में जोड़ा गया: 2026-03-08; अंतिम जांच: 2026-08-24। स्थिति और विवरण बदल सकते हैं; स्रोत पर पुष्टि करें।

खरीदारों को क्या जांचना चाहिए?

RERA पंजीकृत परियोजना में निवेश करने से पहले, पंजीकरण की वैधता तिथि, प्रमोटर का ट्रैक रिकॉर्ड, परियोजना की वर्तमान स्थिति और भूमि स्वामित्व दस्तावेजों की जांच करें।